पटना। पटना नगर निगम की सशक्त स्थायी समिति की 20वीं साधारण बैठक शुक्रवार को महापौर कार्यालय कक्ष, मॉर्यलोक कॉम्प्लेक्स में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता महापौर सीता साहू ने की। इस अवसर पर उप-महापौर रेशमी कुमारी, नगर आयुक्त यशपाल मीणा सहित समिति के सभी सदस्य उपस्थित रहे।
बैठक की शुरुआत 19वीं साधारण बैठक की कार्यवाहियों की संपुष्टि के साथ हुई। इसके बाद कुल 62 कार्यसूची मदों पर विचार-विमर्श किया गया। इनमें 47 संलेखों को सीधे स्वीकृति दी गई, जबकि 22 संलेखों पर विशेष चर्चा के उपरांत मंजूरी प्रदान की गई। इस प्रकार कुल 79 विषयों पर विस्तार से विचार हुआ, जो नगर प्रशासन की सक्रियता और विकासोन्मुख दृष्टिकोण को दर्शाता है।
रिवर फ्रंट विकास योजना को मंजूरी
बैठक में नोजर कटरा से दीदारगंज घाट तथा कलेक्ट्रियट घाट से दीघा घाट तक विस्तृत रिवर फ्रंट विकास परियोजना के लिए डीपीआर तैयार कर राज्य एवं केंद्र सरकार को भेजने का निर्णय लिया गया।
इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत नदी तट का सुनियोजित विकास, सौंदर्यीकरण, सुदृढ़ आधारभूत संरचना, आधुनिक प्रकाश व्यवस्था, हरित क्षेत्र विस्तार और सुरक्षित पैदल पथ निर्माण प्रस्तावित है। नगर प्रशासन का मानना है कि इस परियोजना से पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर सृजित होंगे और शहर की सांस्कृतिक एवं आर्थिक पहचान को नई मजबूती मिलेगी।
भवनों का पुनः कर निर्धारण, एजेंसी चयन को स्वीकृति
निगम क्षेत्र के अंतर्गत भवनों के पुनः कर निर्धारण और राजस्व संग्रहण प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी एवं प्रभावी बनाने के उद्देश्य से एजेंसी चयन संबंधी प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। अद्यतन सर्वेक्षण और वैज्ञानिक मूल्यांकन के माध्यम से कर निर्धारण प्रक्रिया को सुदृढ़ करने की योजना है, जिससे राजस्व में वृद्धि और कर प्रणाली में समानता सुनिश्चित की जा सके।
प्रशासन के अनुसार, बढ़े हुए राजस्व का उपयोग आधारभूत संरचना विकास, नागरिक सुविधाओं के विस्तार और शहरी सेवाओं के उन्नयन में किया जाएगा।
विद्युत शवदाह गृहों का जीर्णोद्धार और आधुनिकीकरण
रामचक बैरिया में मवेशियों के लिए विद्युत शवदाह गृह के जीर्णोद्धार का निर्णय लिया गया। इसके साथ ही खाजेकलाँ और गुलाबीघाट स्थित विद्युत शवदाह गृहों के आधुनिकीकरण एवं मरम्मत को भी स्वीकृति प्रदान की गई।
आधारभूत संरचना और नागरिक सुविधाओं पर जोर
वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंतर्गत विभिन्न वार्डों में सड़क, पथ एवं नाला निर्माण, भूगर्भ नाला कार्य, ड्रेनेज सुदृढ़ीकरण तथा जलजमाव निवारण से जुड़े प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।
पेयजल आपूर्ति को सुदृढ़ करने के लिए जलापूर्ति पाइपलाइन विस्तार, हाई यील्ड बोरिंग स्थापना और वितरण प्रणाली उन्नयन को भी अनुमोदन मिला।
इसके अतिरिक्त क्षतिग्रस्त मैनहोल के निर्माण, मरम्मत एवं प्रतिस्थापन तथा मैनहोल एम्बुलेंस संचालन से संबंधित प्रावधानों को स्वीकृति दी गई, जिससे नागरिक सुरक्षा एवं त्वरित आपदा प्रबंधन को मजबूती मिलेगी।
विभिन्न वार्डों में सामुदायिक भवन निर्माण, पार्क विकास, सार्वजनिक स्थलों के सौंदर्यीकरण और हरित क्षेत्र विस्तार से जुड़े प्रस्तावों को भी मंजूरी प्रदान की गई। ठोस अपशिष्ट प्रबंधन को अधिक वैज्ञानिक और पर्यावरण-अनुकूल बनाने की दिशा में आवश्यक निर्णय लिए गए।

महापौर और नगर आयुक्त का बयान
महापौर सीता साहू ने कहा कि नगर निगम का लक्ष्य विकास कार्यों को तेज गति और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा कर पटना को स्वच्छ, सुव्यवस्थित और आधुनिक शहर के रूप में विकसित करना है।
नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने आश्वस्त किया कि सभी स्वीकृत प्रस्तावों का क्रियान्वयन निर्धारित समय-सीमा में सुनिश्चित किया जाएगा और नियमित मॉनिटरिंग के माध्यम से नागरिकों को शीघ्र लाभ प्रदान किया जाएगा।
बैठक में सशक्त स्थायी समिति के सभी सदस्य उपस्थित रहे